श्री गुरु ग्लोबल टाइम :_ 2014 में मोदी आए, जरूरत भी थी, कांग्रेस एकदम अराजक हो गई थी, सारे नेता लोग बड़े बड़े भ्रष्टाचार में पकड़े जा रहे थे जबकि उस समय की ED, CBI, विजिलेंस काफी अलग थीं, वो ऑपोजिशन के साथ साथ सरकारी लोगों को भी गिरफ्तार करती थी, करप्शन का अलग ही बोलबाला था, इंडस्ट्री फ्रेंडली पॉलिसी भी नहीं थी और इस कारण, बैंकों के भी खूब पैसे डूबे, बेरोजगारी कंट्रोल के बाहर, जनता एकदम परेशान हो चुकी थी और बेचैन थी कांग्रेस की सरकार को फेंकने के लिए, राज्य और सेंट्रल लेवल पे बहुत सारे आंदोलन हुए और माहौल पूरा कांग्रेस के विरोध में बना, वोटिंग की और आँख बंद करके बिना उम्मीदवार देखे बीजेपी को वोट किया, वो साल 2014 यानी आज से 12 साल पहले,
इन 12 बारह में काम जैसा भी हुआ है उसको सबके देखने के अपने अपने नजरिए हैं लेकिन आज फिर से पूरे देश में बीजेपी के खिलाफ वैसा ही माहौल बन रहा है जैसा 2012-2014 के बीच कांग्रेस के खिलाफ था, महंगाई, बेरोजगारी, करप्शन, इनकम्पीटेंसी ऑफ लीडर्स इन हैंडलिंग पब्लिक इश्यूज़ ये मुद्दे पे सरकार का नकारापन अब खुलकर जनता के सामने आ गया, पर्दा अब हट चुका है, पहले कोई कांग्रेस की समर्थन में बोलता था तो लोग विरोध करते थे लेकिन धीरे धीरे अब वही माहौल बीजेपी के लिए बन रहा है, जल्द ही बीजेपी की समर्थन में बोलने पे विरोध शुरू हो जाएगा, सरकार कहाँ कहाँ विफल हुई है ये बातें अब जनता के सामने एकदम स्पष्ट हो चुकी हैं, लोकतंत्र में आंदोलन बहुत जरूरी है, कुछ दिनों से सोशल मीडिया पे धर्मेंद्र प्रधान और सेंट्रल गवर्नमेंट के विरोध में जो भीड़ दिखी हालांकि उसकी अगुवाई करने वाले लोग भले ही कमजोर थे, सही से लीड नहीं कर पाए लेकिन जो भीड़, जो जनता, जो आम आदमी दिल्ली में सड़कों पे निकली वो हमारा देश है और उनका गुस्सा अब उनको सड़क तक विरोध में ला रहा है, आगे ऐसे और जन आंदोलन जरूर होंगे और जनता अब ईवीएम के अलावा अपनी अटेंडेंस पे सड़क पे भी लगाएगी, सत्ता परिवर्तन डेमोक्रेसी के लिए बहुत जरूरी इसका एग्जाम्पल अभी जिस तरह से सरकार चल रही है उसी से समझा जा सकता है, उम्मीद है आगे और तेज आंदोलन देखने को मिलेगी। पूरे देश की सिस्टम को नर्क बना दिया है, एक विभाग तक सही नहीं चला पा रहे है, हर जगह नमूनों को बैठा दिया हैं। अभी भी समय है, आत्म मंथन कीजिए और सुधार कीजिए, सड़क अब कोई नेता नहीं है जनता ही सड़क पे आ गई है आपके विरोध में, और इसके सबसे अधिक फर्स्ट टाइम वोटर्स और युवा है।
